पुणे: छह साल से फरार डकैती के आरोपी को पुलिस ने जाल बिछाकर किया गिरफ्तार

पुणे, 28 जून . पुणे पुलिस की क्राइम ब्रांच टीम ने डकैती के मामले में पिछले छह सालों से फरार चल रहे आरोपी को गिरफ्तार करने में सफलता हासिल की है. आरोपी की पहचान 28 वर्षीय समीर सुरेश वंजारी उर्फ चव्हाण के रूप में की गई, जो दौंड तहसील के नानगांव का रहने वाला है.

अधिकारियों ने बताया कि पुलिस टीम को आरोपी के बारे में गुप्त सूचना मिली थी. पुलिस को पता चला कि आरोपी नानगांव में मौजूद है. इसके बाद क्राइम ब्रांच टीम ने तत्काल कार्रवाई करते हुए मौके पर पहुंचकर जाल बिछाया और आरोपी को गिरफ्तार कर लिया. आगे की कानूनी कार्रवाई के लिए आरोपी को यवत पुलिस स्टेशन के हवाले कर दिया गया है.

बताया गया कि यवत थाने में भारतीय दंड संहिता की धारा 395 के तहत एक मुकदमा दर्ज था, जिसमें समीर सुरेश वंजारी आरोपी थी. वह घटना के बाद से ही फरार हो गया था.

इससे पहले, शनिवार को यवत थाना क्षेत्र में पुलिस ने अवैध गर्भलिंग जांच और कन्या भ्रूण हत्या रैकेट मामले में बड़ी कार्रवाई करते हुए दो मुख्य आरोपियों को गिरफ्तार किया. इस मामले में विशेष जांच दल (एसआईटी) ने गहन जांच के बाद ठोस सबूत जुटाकर यह कार्रवाई की.

गिरफ्तार आरोपियों में सुमंत तुकाराम शितोले और बापूराव पंढरीनाथ जांबले शामिल हैं. दोनों आरोपियों को हिरासत में लेने के बाद शनिवार को पुलिस की ओर से उन्हें दौंड न्यायालय में पेश किया गया, जहां अदालत ने उन्हें 1 जुलाई तक पुलिस कस्टडी में भेजने का आदेश दिया है.

जांच में सामने आया है कि सुमंत तुकाराम मुख्य आरोपी के माध्यम से अवैध लिंग जांच करवाकर गर्भवती महिलाओं को अपने अस्पताल में लाकर उनका गैरकानूनी गर्भपात करा रहा था. वहीं, बापूराव जांबले इस रैकेट में एजेंट के रूप में काम कर रहा था और गर्भपात के लिए आवश्यक प्रतिबंधित दवाइयों और इंजेक्शन की आपूर्ति करता था.

डीसीएच/