रामलला के नाम पर भी घपले हुए, हुसैन दलवई का भाजपा सरकार पर आरोप

मुंबई, 2 जुलाई . कांग्रेस के वरिष्ठ नेता और पूर्व सांसद हुसैन दलवई ने मुंबई के साकीनाका मैनहोल हादसे, चेंबूर स्कूल बस हादसे, तेलंगाना के मुख्यमंत्री रेवंत रेड्डी के बयान, जम्मू-कश्मीर को राज्य का दर्जा देने की मांग, आरएसएस प्रमुख मोहन भागवत की टिप्पणी, भारत-पाकिस्तान संबंध, राम मंदिर दान मामले की एसआईटी जांच और यूपी चुनाव की तैयारियों के बीच इंडी गठबंधन में चल रही चर्चाओं पर प्रतिक्रिया दी.

साकीनाका में 60 वर्षीय बुजुर्ग की मैनहोल में गिरने से हुई मौत पर हुसैन दलवई ने कहा कि घटना बेहद दुखद है. ऐसे हादसे बार-बार हो रहे हैं. नीचे के इंजीनियर ऊपरी अधिकारियों को सही जानकारी नहीं देते. अधिकारी सिर्फ ऑर्डर देते हैं, लेकिन ग्राउंड रियलिटी नहीं जानते. ठेकेदारों को फोन करने पर भी कोई कार्रवाई नहीं होती. जगह-जगह पानी भर जाता है. प्रशासन में ऊपर से नीचे तक रिश्वतखोरी फैली हुई है, जिसके कारण जवाबदेही खत्म हो गई है.

उन्होंने संबंधित इंजीनियर को सस्पेंड कर जांच कराने की मांग की. वहीं, चेंबूर स्कूल बस हादसे पर दलवई ने कहा कि 11 वर्षीय बच्चे की मौत बेहद निंदनीय है. माता-पिता का क्या कसूर? पेड़ों की नियमित छंटाई और मजबूती जांच नहीं होती. मुंबई अब मौत का इलाका बन गया है.

तेलंगाना के मुख्यमंत्री रेवंत रेड्डी द्वारा भाजपा के नए अध्यक्ष नितिन नवीन पर की गई टिप्पणी पर दलवई ने कहा कि मुझे भी नहीं पता. नितिन नवीन को इसलिए लाया गया है, क्योंकि वे अमित शाह और पीएम मोदी के अनुसार काम करते हैं. उनके पास कोई स्वतंत्रता नहीं है. वहीं, ममता बनर्जी पर रेवंत रेड्डी के बयान को आपसी झगड़ा बताते हुए उन्होंने कहा कि असली लड़ाई भाजपा के खिलाफ है.

जम्मू-कश्मीर को राज्य का दर्जा देने की उठ रही मांग पर उन्होंने कहा कि ये सही बात है, बिल्कुल. वो इंडिपेंडेंट ही होना चाहिए. इस तरह से उनका अधिकार सीमित करना बिल्कुल गलत बात है.

आरएसएस प्रमुख मोहन भागवत की उस टिप्पणी पर कि विभाजन के बाद भारत आए लोग शरणार्थी नहीं बल्कि ‘वॉरियर्स’ हैं, हुसैन दलवई ने कहा कि उनको कुछ भी नाम दीजिए, लेकिन उनके साथ बर्ताव अच्छा करिए. जो भी आए हैं, उनसे अच्छा व्यवहार कीजिए.

भारत और पाकिस्तान के बीच बातचीत बहाल करने की अपील पर उन्होंने कहा कि बहुत सारे लोगों को लगता है कि पड़ोस का देश है, उसके साथ लड़ते रहने के बजाय भारत, बांग्लादेश, पाकिस्तान और श्रीलंका जैसे देशों का कहीं न कहीं एक फेडरेशन बनना बहुत जरूरी है और उसका नेतृत्व अपने आप भारत के पास आ जाएगा.

राम मंदिर दान मामले की जांच कर रही एसआईटी को 15 दिन का अतिरिक्त समय मिलने पर उन्होंने कहा कि इस मामले में अभी की सरकार, सिर्फ यूपी की सरकार नहीं बल्कि भारत सरकार पूरी तरह एक्सपोज हो गई है. यह 80 लाख रुपए का मामला नहीं है. इतने सालों का पैसा जमा हुआ है. सोना कहां गया? जो जमीनें खरीदी गईं, दो करोड़ की जमीन बड़े पैमाने पर पैसे देकर खरीदी गई. ये सारे घपले हैं. रामलला के नाम से भी घपले होने लगे, कमाल की बात है. झूठापन इस देश में फैलाने की कोशिश हो रही है और ये सब उसी के सबूत हैं.

उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव की तैयारियों के बीच इंडी गठबंधन में सीट बंटवारे और रणनीति को लेकर चल रही चर्चाओं पर हुसैन दलवई ने कहा कि अलग-अलग राजनीतिक पार्टियां हैं, तो थोड़ा-बहुत बहस होगी. लेकिन आखिर इंडी गठबंधन के जरिए ही चुनाव होगा और उत्तर प्रदेश में फिर भाजपा आने का सवाल ही नहीं उठता. उन्होंने इतने घपले कर रखे हैं. राम मंदिर का भी घपला किया.

पीएसके/वीसी