
लखनऊ, 10 जुलाई . समाजवादी पार्टी के प्रवक्ता आशुतोष वर्मा ने मध्य प्रदेश की तर्ज पर उत्तर प्रदेश के वक्फ बोर्ड में गैर-मुस्लिमों की नियुक्ति को लेकर सवाल उठाया है. उन्होंने कहा कि अगर यही ट्रेंड बना रहा, तो वो दिन दूर नहीं जब काशी विश्वनाथ और बद्रीनाथ में गैर हिंदुओं के प्रवेश के लिए नई रिट दायर होगी.
सपा प्रवक्ता आशुतोष वर्मा की यह टिप्पणी उत्तर प्रदेश सरकार में अल्पसंख्यक कल्याण मंत्री दानिश आजाद अंसारी के ऐलान के बाद आई है. दानिश अंसारी ने अपने बयान में कहा कि उत्तर प्रदेश में वक्फ संशोधन बिल 2024 को लागू किया जाएगा, जिसके तहत गैर मुस्लिम प्रतिनिधि भी इसमें शामिल होंगे.
आशुतोष वर्मा ने विरोध करते हुए कहा, “Supreme Court ने एक फैसला दिया है. हालांकि हम इस बात को कहते हैं कि अभी भी Supreme Court के उस पूरे फैसले में आधी चीजें स्टे हैं. जब तक चीजों का पूरा निर्णय ना आ जाए तब तक राज्य सरकार को ऐसे किसी भी अनुबंध से और नियुक्ति से बचना चाहिए.”
सपा प्रवक्ता ने आगे कहा, “अगर यही ट्रेंड बना रहा, तो वो दिन दूर नहीं जब काशी विश्वनाथ और बद्रीनाथ में गैर हिंदुओं के प्रवेश के लिए नई रिट दायर होगी. Supreme Court भी इसके लिए बाध्य हो जाएगा.” उन्होंने कहा, “धर्म आस्था का विषय है, लेकिन आपकी आस्था किसी और के धर्म के अंदर बैठे, ये किसी प्रकार से किसी धर्म के किसी धर्मगुरू ने नहीं बताया है.”
इसी बीच, लखनऊ के अलीगंज अग्निकांड पर आशुतोष वर्मा ने कहा, “यह बहुत दुखद घटना थी. देश के सबसे बड़े राज्य की राजधानी में चार मंजिला इमारतों के अंदर बच्चे जिंदा जल गए. हम अपनी ही पीठ थपथपाते हैं कि हम दुनिया की सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था बनने जा रहे हैं. जब लोग ऐसी हरकतें करते हैं तो यह शर्मनाक होता है.”
उन्होंने कहा,”मामले में Supreme Court ने संज्ञान लिया है. हम उसका धन्यवाद करते हैं. एक कड़ी से कड़ी गाइडलाइन बनाई जानी चाहिए, जिससे कोई भी बच न सके और बच्चे ऐसी घटनाओं का शिकार न बनें.”
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डीसीएच/