यूक्रेन में रूसी ड्रोन ने सब्जी विक्रेता को बनाया निशाना, जेलेंस्की का आरोप- ऐसी कार्रवाई हर दिन जारी

नई दिल्ली, 4 अगस्‍त . यूक्रेन के खेरसॉन शहर में मंगलवार को एक सब्‍जी व‍िक्रेता पर रूसी ड्रोन ने हमला क‍िया. यूक्रेनी विदेश मंत्रालय और राष्ट्रपति वोलोदिमिर जेलेंस्की ने रूस के इस आक्रामक हमले की कड़ी न‍िंदा करते हुए कहा क‍ि यह प्रमाण है क‍ि रूस युद्ध के न‍ियमों का उल्‍लंघन करते हुए यूक्रेनी आम नागर‍िकों को न‍िशाना बना रहा है.

राष्ट्रपति जेलेंस्की और यूक्रेन विदेश मंत्रालय ने सोशल मीड‍िया पर घटना का वीड‍ियो पोस्‍ट क‍िया. वीड‍ियो में एक सब्‍जी व्‍यापारी अपनी कार्ट के पास मौजूद है और तभी वहां पर एक ड्रोन उसका पीछा करने लगता है. वीड‍ियो में साफ देखा गया क‍ि सब्‍जी व‍िक्रेता खुद को बचाने के प्रयास में कार्ट के चारों ओर भागने लगता है. साथ ही हाथ उठाकर याचना करता है, लेक‍िन ड्रोन उस पर जबरदस्‍त हमला कर देता है.

यूक्रेन विदेश मंत्रालय ने सोशल मीड‍िया प्‍लेटफॉर्म ‘एक्‍स’ पर पोस्‍ट क‍िया, ”रूस किसे निशाना बना रहा है. कोई सैन्य ठिकाना नहीं, बल्कि काम कर रहा एक आम नागरिक. यूक्रेन के खेरसॉन शहर में एक रूसी ड्रोन ने जानबूझकर एक साधारण विक्रेता को निशाना बनाया. इस हमले में 52 वर्षीय व्यक्ति घायल हो गया और उसे सिर पर चोट आई है.”

मंत्रालय ने पोस्‍ट में कहा, ”यह निर्दोष आम नागरिकों के खिलाफ डर और दहशत फैलाने का एक जानबूझकर चलाया जा रहा अभियान है. दुनिया को इसे सामान्य मानकर स्वीकार नहीं करना चाहिए. रूस पर अभी और कड़ा दबाव डालने की जरूरत है. इन अपराधों को बिना जवाब के नहीं छोड़ा जाना चाहिए.”

यूक्रेन के राष्ट्रपति वोलोदिमिर जेलेंस्की ने भी घटना की कड़ी न‍िंदा करते हुए इसे युद्ध अपराध बताया. जेलेंस्की ने सोशल मीड‍िया प्‍लेटफॉर्म ‘एक्‍स’ पर पोस्‍ट क‍िया, ”एक और तथाकथित ‘सफारी’ वीडियो देखकर बहुत से लोग हैरान रह गए, जिसमें रूसी ड्रोन खेरसॉन में लोगों का शिकार करते दिखाई देते हैं. एक रूसी ड्रोन ने खेरसॉन में सब्जियां बेच रहे एक व्यक्ति का जानबूझकर पीछा किया और उसके पास जाकर विस्फोट किया. खुद रूसियों ने भी इस अपराध को स्वीकार किया. उन्हें अपने किए पर कोई पछतावा नहीं है, बल्कि वे इस बात पर गर्व करते हैं कि वे लोगों को कैसे परेशान और डराते हैं. इस विस्फोट में वह व्यक्ति घायल हो गया. खेरसॉन में आम लोगों के खिलाफ रूसियों की ओर से इस तरह की ‘सफारी’ जैसी कार्रवाइयां लगभग हर दिन की जा रही हैं.”

उन्‍होंने कहा कि दुनिया को यह सब देखना चाहिए. उसे हर उस सबूत को देखना चाहिए जो दिखाता है कि रूस किस हद तक हिंसा और आक्रामकता की राह पर बढ़ चुका है, और यह भी कि रूसी सैनिक लोगों को मारने और उन्हें परेशान करने में खुशी महसूस करते हैं. रूस पर दबाव डाले बिना, उसकी आक्रामक क्षमताओं को कमजोर किए बिना, और रूस के खिलाफ ठोस सुरक्षा गारंटी के बिना, यह कल्पना करना भी मुश्किल है कि दुनिया इस बुराई के साथ शांति से रह सकती है. हमें लोगों की जान बचाने के अपने संकल्प पर कायम रहना होगा. हमें ऐसे कदम उठाने होंगे और जीवन का ऐसा समर्थन करना होगा कि रूस को सच में शांति के बारे में सोचना पड़े न कि अपने ड्रोन की मारक क्षमता बढ़ाने के बारे में.

जेलेंस्की ने कहा कि यह सिर्फ यूक्रेन का मामला नहीं है. लोगों के खिलाफ रूस की यह ‘सफारी’ यूक्रेन में रुकनी चाहिए और दूसरे देशों तक नहीं फैलनी चाहिए. फिनलैंड और कजाखिस्तान, बाल्टिक देश और पोलैंड, दक्षिण कॉकस क्षेत्र के देश, साथ ही रोमानिया और मोल्दोवा, सभी को मिलकर काम करना चाहिए ताकि वास्तविक सुरक्षा गारंटी सुनिश्चित की जा सके और रूस की ओर से शुरू किए गए युद्ध को समाप्त किया जा सके. शांति की जरूरत है, और इसके लिए दुनिया भर के उन सभी लोगों का सहयोग जरूरी है जो सच में शांति को महत्व देते हैं. यूक्रेन की मदद करने वाले सभी लोगों का धन्यवाद.

एवाई/एबीएम