दोपहिया वाहन चोर गिरोह का भंडाफोड़, चोरी की 14 बाइक के साथ तीन शातिर गिरफ्तार

नोएडा, 5 अगस्त . नोएडा के थाना सेक्टर-113 की पुलिस ने दोपहिया वाहन चोरी की घटनाओं पर बड़ी कार्रवाई करते हुए एक सक्रिय वाहन चोर गिरोह का पर्दाफाश किया है. पुलिस ने लोकल इंटेलिजेंस और बीट पुलिसिंग की मदद से तीन शातिर वाहन चोरों को गिरफ्तार कर उनके कब्जे और निशानदेही पर चोरी की 14 मोटरसाइकिल, वारदात में इस्तेमाल एक मोटरसाइकिल तथा एक अवैध चाकू बरामद किया है.

पुलिस के अनुसार, 4 अगस्त को थाना सेक्टर-113 पुलिस ने ग्राम सर्फाबाद, सेक्टर-73 क्षेत्र में अभियान चलाकर तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया. गिरफ्तार आरोपियों की पहचान अंकित राघव पुत्र देवेंद्र, कौशल पुत्र जोगिंद्र सिंह और अमित पुत्र जयपाल के रूप में हुई है. तीनों वर्तमान में ग्राम सर्फाबाद, सेक्टर-73 में रह रहे थे, जबकि उनके मूल निवासी अलीगढ़ जिले के अलग-अलग गांव हैं.

पूछताछ में आरोपियों ने पुलिस को बताया कि वे अपनी मोटरसाइकिल से पहले विभिन्न इलाकों की रेकी करते थे. इसके बाद रेस्टोरेंट, मॉल, जेप्टो, ब्लिंकइट जैसे स्टोरों और अन्य भीड़भाड़ वाले स्थानों पर खड़ी मोटरसाइकिलों को निशाना बनाते थे. चोरी करने के बाद वे वाहनों को कुछ समय के लिए सुनसान स्थानों पर छिपाकर रखते थे ताकि तत्काल पुलिस की नजर से बच सकें. बाद में मौका मिलते ही चोरी की मोटरसाइकिलों को कम कीमत पर बेच देते थे.

पुलिस की जांच में आरोपियों के कब्जे और निशानदेही पर कुल 15 मोटरसाइकिल बरामद हुई हैं, जिनमें 14 चोरी की मोटरसाइकिलें शामिल हैं. इसके अलावा वारदात में इस्तेमाल की गई एक मोटरसाइकिल तथा एक अवैध चाकू भी बरामद किया गया है. गिरफ्तार आरोपियों का आपराधिक इतिहास भी सामने आया है. इनके खिलाफ दिल्ली के सरिता विहार थाना, नोएडा के फेस-3 थाना तथा सेक्टर-113 थाने में वाहन चोरी से संबंधित कई मुकदमे पहले से दर्ज हैं.

पुलिस अब यह भी पता लगा रही है कि आरोपियों ने अब तक कितनी और वाहन चोरी की घटनाओं को अंजाम दिया है तथा चोरी के वाहनों को किन लोगों को बेचा गया. इसके लिए बरामद मोटरसाइकिलों के वास्तविक मालिकों की पहचान कर उन्हें वाहन वापस दिलाने की प्रक्रिया भी शुरू कर दी गई है.

नोएडा पुलिस का कहना है कि वाहन चोरी करने वाले गिरोहों के खिलाफ अभियान लगातार जारी रहेगा. पुलिस ने लोगों से भी अपील की है कि वे अपने दोपहिया वाहनों को सुरक्षित स्थान पर पार्क करें, सुरक्षा लॉक का उपयोग करें और किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना तुरंत पुलिस को दें, ताकि वाहन चोरी जैसी घटनाओं पर प्रभावी रोक लगाई जा सके.

पीकेटी/डीकेपी