अमृतसर के फेमस ज्ञानी टी स्टॉल पर पहुंचे राघव चड्ढा, चाय के साथ की सियासी चर्चा

अमृतसर, 19 सितंबर . भाजपा के राज्यसभा सदस्य राघव चड्ढा देर रात अमृतसर के मशहूर ज्ञानी टी स्टॉल पर रुके. यहां उन्होंने पारंपरिक अमृतसर की चाय का मजा लिया और पंजाब के राजनीतिक हालात पर स्थानीय लोगों से बातचीत की.

ज्ञानी टी स्टॉल अमृतसर में एक लोकप्रिय और जानी-मानी जगह है, जो खास तौर पर अपनी पारंपरिक अमृतसर की चाय के लिए मशहूर है. यह टी स्टॉल सोशल मीडिया पर भी काफी लोकप्रिय हो गया है, जिससे यह शहर के स्थानीय खाने और चाय संस्कृति का अनुभव करने वाले पर्यटकों के लिए एक जानी-पहचानी जगह बन गया है.

शनिवार को सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर अपनी यात्रा की तस्वीरें शेयर करते हुए चड्ढा ने कहा, “दिन भर के काम निपटाने के बाद, मैं अमृतसर के मशहूर ज्ञानी टी स्टॉल पहुंचा. चाय की चुस्कियों के बीच, वहां मौजूद लोगों के साथ पंजाब की राजनीति पर देर रात तक चर्चा होती रही.”

उन्होंने अपनी यात्रा की तस्वीरें शेयर करते हुए चाय और नशे की लत के बारे में एक मजेदार बात भी कही.

चड्ढा ने कहा, “नशे में नाश है, चाय में विश्वास है. कुछ लोगों में भ्रम है, लेकिन चाय में दम है.”

इससे पहले शुक्रवार को, चड्ढा ने पठानकोट में भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन के साथ मिलकर ‘नशा मुक्त पंजाब यात्रा’ को हरी झंडी दिखाई. यह कार्यक्रम राज्य में फैली ड्रग्स की समस्या और इससे प्रभावित परिवारों की तकलीफों पर केंद्रित है.

उन्होंने अपनी पोस्ट में लिखा कि वे ड्रग्स के बुरे असर से जूझ रहे परिवारों से मिले और उनकी कहानियों को इस संकट की मानवीय कीमत की एक दर्दनाक याद दिलाने वाली घटना बताया.

उन्होंने कहा कि ड्रग्स सिर्फ जिंदगी ही बर्बाद नहीं करते, बल्कि परिवारों को भी तबाह कर देते हैं.

सांसद ने आरोप लगाया कि पंजाब में आम आदमी पार्टी की सरकार ने ड्रग्स की समस्या को खत्म करने का वादा किया था, लेकिन वह इसमें नाकाम रही. उन्होंने दावा किया कि पिछले साढ़े चार सालों में यह समस्या काफी बढ़ गई है.

उनके मुताबिक, ड्रग्स, खासकर ‘चिट्टा’ की सप्लाई बहुत बढ़ गई है और राज्य में यह बेरोकटोक आ-जा रहा है.

पठानकोट में भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन की मौजूदगी में ‘नशा मुक्त पंजाब यात्रा’ को हरी झंडी दिखाई गई. इस कैंपेन का मकसद ड्रग्स की समस्या के बड़े पैमाने को उजागर करना और इसके खिलाफ जनमत तैयार करना है.

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