यूपी चुनाव के लिए भाजपा का मेगा प्लान तैयार, छह क्षेत्रों में 25-25 हजार कार्यकर्ताओं की पदयात्रा निकालेगी पार्टी

लखनऊ, 30 अक्टूबर . उत्तर प्रदेश में वर्ष 2027 के विधानसभा चुनाव को लेकर भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) ने संगठन को चुनावी मोड में लाने की व्यापक तैयारी शुरू कर दी है. पार्टी नवंबर और दिसंबर में प्रदेशव्यापी अभियानों के जरिए बूथ स्तर तक अपनी पकड़ मजबूत करने और अधिकतम मतदाताओं से संपर्क साधने की रणनीति पर काम करेगी. इसके तहत प्रदेश के सभी छह संगठनात्मक क्षेत्रों में 25-25 हजार या उससे अधिक कार्यकर्ताओं की भागीदारी वाली पदयात्राएं निकाली जाएंगी.

वहीं, प्रदेश के 1,918 मंडलों में 25-25 सक्रिय कार्यकर्ताओं की टीम तैयार करने के साथ प्रत्येक बूथ पर पांच कार्यकर्ताओं को जिम्मेदारी सौंपी जाएगी. शुक्रवार को लखनऊ में आयोजित भाजपा प्रदेश कार्यसमिति की बैठक में प्रदेश महामंत्री (संगठन) धर्मपाल सिंह ने आगामी विधानसभा चुनाव की तैयारियों का विस्तृत खाका प्रस्तुत किया. उन्होंने कहा कि चुनावी सफलता के लिए संगठन को अभी से सक्रिय होना होगा. नवंबर और दिसंबर में प्रस्तावित कार्यक्रमों को प्राथमिकता के आधार पर पूरा किया जाएगा. इसके लिए जिला अध्यक्षों, जिला प्रभारियों और प्रदेश पदाधिकारियों के साथ कार्यक्रमों की समयसीमा और जिम्मेदारियां तय की जाएंगी.

धर्मपाल सिंह ने बताया कि पार्टी प्रदेश के सभी छह संगठनात्मक क्षेत्रों में ‘लोकतंत्र बचाओ, अराजकता हटाओ’ अभियान के तहत बड़ी पदयात्राएं निकालेगी. प्रत्येक पदयात्रा में करीब 25 हजार या उससे अधिक कार्यकर्ताओं को जुटाने का लक्ष्य है. निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार, तीन नवंबर को अवध क्षेत्र की पदयात्रा लखनऊ में होगी, जिसमें केंद्रीय मंत्री शिवराज सिंह चौहान शामिल होंगे. इसी दिन ब्रज क्षेत्र की पदयात्रा बरेली में होगी, जिसमें पूर्व भाजपा राष्ट्रीय अध्यक्ष एवं केंद्रीय मंत्री जेपी नड्डा शामिल होंगे. चार नवंबर को गोरखपुर क्षेत्र की पदयात्रा में पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नबीन और प्रदेश अध्यक्ष पंकज चौधरी मौजूद रहेंगे. इसी दिन काशी क्षेत्र की पदयात्रा प्रयागराज में उपमुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य और कानपुर क्षेत्र की पदयात्रा में उपमुख्यमंत्री ब्रजेश पाठक शामिल होंगे. पांच नवंबर को पश्चिम क्षेत्र की पदयात्रा गाजियाबाद में होगी, जिसमें मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ भाग लेंगे.

संगठन महामंत्री ने बताया कि प्रदेश के सभी 1,918 मंडलों में करीब 60 सदस्यीय कार्यकारिणी में से 25 सक्रिय कार्यकर्ताओं का चयन किया जाएगा. ये कार्यकर्ता मंडल के सभी बूथों पर नियमित प्रवास कर संगठन की गतिविधियों को गति देंगे. इनके नाम और मोबाइल नंबर सहित सूची तैयार की जाएगी. इसी तरह प्रत्येक बूथ पर पांच सक्रिय कार्यकर्ताओं की टीम बनाई जाएगी. विधानसभा प्रभारी और विधानसभा विस्तारक शक्ति केंद्रों पर प्रवास कर संगठनात्मक ढांचे की वास्तविक स्थिति का सत्यापन करेंगे. पार्टी के वर्तमान और पूर्व पदाधिकारियों, जनप्रतिनिधियों, सहकारिता क्षेत्र से जुड़े लोगों, मोर्चों और प्रकोष्ठों के कार्यकर्ताओं तथा दूसरे दलों से भाजपा में आए नेताओं की सूची तैयार कर उनकी क्षमता के अनुसार जिम्मेदारियां तय की जाएंगी.

धर्मपाल सिंह ने कहा कि लाभार्थी संपर्क अभियान के तहत केंद्र और प्रदेश सरकार की योजनाओं के लाभार्थियों तक पहुंच बनाई जाएगी. बूथ अध्यक्षों के माध्यम से योजनावार लाभार्थियों की सूची तैयार होगी. कार्यकर्ताओं को लाभार्थियों से घर जाकर मिलने, चाय पर चर्चा करने और मंडल तथा शक्ति केंद्र स्तर पर बैठकें करने के निर्देश दिए जाएंगे. इसके साथ ही मठ-मंदिरों, संगठन के विचार परिवार से जुड़े कार्यकर्ताओं और धार्मिक-सामाजिक नेतृत्व से भी संपर्क किया जाएगा. युवा और महिला मतदाताओं को जोड़ने के लिए बूथ स्तर पर छोटी बैठकें आयोजित होंगी. महिला मोर्चा के माध्यम से महिला मतदाताओं से सरकार की योजनाओं और स्थानीय मुद्दों पर संवाद किया जाएगा. 18 से 21 वर्ष आयु वर्ग के युवाओं को संगठन से जोड़ने के लिए प्रदेश में 200 स्थानों पर युवा सम्मेलन आयोजित किए जाएंगे. इसके अलावा सभी मंडलों में नवमतदाता सम्मेलन भी होंगे.

उन्होंने बताया कि किसानों से संपर्क के लिए किसान संपर्क अभियान और किसान चौपाल आयोजित की जाएंगी. सहकारी समितियों के सदस्यों के साथ सहभोज के कार्यक्रम भी प्रस्तावित हैं. छोटे और सूक्ष्म कारोबारियों से संपर्क स्थापित करने के लिए विशेष अभियान चलाया जाएगा. पार्टी इन वर्गों के साथ नियमित संवाद और बैठकें करेगी. इसके अलावा तीन कार्यकाल तक संगठन में पदाधिकारी रहे नेताओं की विधानसभा स्तर पर बैठकें आयोजित की जाएंगी. इनमें मंडल, जिला, क्षेत्र और प्रदेश स्तर के पूर्व पदाधिकारियों के साथ दो सत्रों में संवाद और चुनावी कार्ययोजना पर चर्चा होगी. पूर्व ब्लॉक प्रमुखों, बीडीसी सदस्यों, जिला पंचायत सदस्यों, जिला पंचायत अध्यक्षों, पूर्व पार्षदों और अन्य पूर्व जनप्रतिनिधियों को भी संगठनात्मक गतिविधियों से जोड़ा जाएगा.

धर्मपाल सिंह ने कहा कि चुनावी तैयारियों में महापौर, जिला पंचायत अध्यक्ष, राज्यसभा सांसद, विधान परिषद सदस्य, सांसद, विधायक, वर्ष 2022 के विधानसभा प्रत्याशियों और वर्ष 2024 के लोकसभा प्रत्याशियों की भूमिका भी निर्धारित की जाएगी. क्षेत्रीय स्तर पर पार्षदों, नगर निकाय अध्यक्षों और अन्य जनप्रतिनिधियों के साथ बैठकें होंगी.

उन्होंने बताया कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह, मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ, रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह, दोनों उपमुख्यमंत्रियों और प्रदेश अध्यक्ष के प्रस्तावित प्रवास एवं सभाओं को लेकर विस्तृत कार्यक्रम तैयार किया जा रहा है. राष्ट्रीय अध्यक्ष और केंद्रीय गृह मंत्री के दौरों के दौरान होने वाली बैठकों के साथ ही मुख्यमंत्री, उपमुख्यमंत्रियों और प्रदेश अध्यक्ष के कार्यक्रमों की जिम्मेदारियां भी तय की जाएंगी.

धर्मपाल सिंह ने कहा कि आगामी विधानसभा चुनाव में बेहतर प्रदर्शन के लिए संगठन को बूथ स्तर तक सक्रिय करना और अधिकतम मतदाताओं से सीधा संपर्क स्थापित करना जरूरी है. सभी कार्यकर्ताओं और पदाधिकारियों की क्षमता के अनुसार जिम्मेदारी तय कर उन्हें चुनावी अभियान में लगाया जाएगा. नवंबर और दिसंबर में प्रस्तावित कार्यक्रमों को समयबद्ध तरीके से पूरा करने के लिए प्रदेश कार्यसमिति की बैठक के तत्काल बाद तैयारियां शुरू करने पर जोर दिया गया.

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विकेटी/डीकेपी