जहां एसआईआर का विरोध होगा वहां सरकार खत्म हो जाएगी: दिलीप जायसवाल

किशनगंज, 14 जून . बिहार सरकार में मंत्री दिलीप जायसवाल ने वोटर लिस्ट के ‘स्पेशल इंटेंसिव रिविजन’ (एसआईआर) का विरोध करने वालों को कड़ी चेतावनी दी है. उन्होंने कहा कि जहां भी वोटर लिस्ट सुधार का विरोध होगा, वहां की सरकार खत्म हो जाएगी.

यह बयान झारखंड में वोटर लिस्ट संशोधन को लेकर चल रहे राजनीतिक विवाद के बीच आया है.

मंत्री दिलीप जायसवाल ने कहा कि जहां भी वोटर लिस्ट में सुधार का विरोध होगा, वहां की सरकार खत्म हो जाएगी.

उन्होंने आगे कहा कि बिहार में इस प्रक्रिया की शुरुआत हुई तो राहुल गांधी एंड कंपनी सड़क पर उतरकर विरोध करने लगे, लेकिन उनका टायर पंचर हो गया और वे गायब हो गए. बंगाल में ममता बनर्जी Supreme Court तक पहुंच गईं और हंगामा किया, नतीजा यह हुआ कि उनकी सरकार का सफाया हो गया.

जायसवाल ने स्पष्ट रूप से चेतावनी देते हुए कहा, “जहां-जहां विरोध होगा, वहां की सरकार का सफाया हो जाएगा.

मंत्री ने चुनाव आयोग की स्पेशल इंटेंसिव रिविजन प्रक्रिया का समर्थन करते हुए कहा कि आयोग मृत वोटरों को वोटर लिस्ट से हटा रहा है, तो इसमें गलत क्या है?

उन्होंने कहा, “इस देश के संसाधनों पर देश के लोगों का अधिकार है. घुसपैठियों को बाहर करने का रास्ता दिखाया जाएगा.

दूसरी ओर, किशनगंज में उन्होंने मोदी सरकार के 12 वर्ष पूर्ण होने के उपलक्ष्य में भाजपा युवा मोर्चा द्वारा आयोजित ऐतिहासिक प्रदर्शनी का उद्घाटन किया.

मंत्री ने कहा कि इस प्रदर्शनी में जिले के ऐतिहासिक धरोहरों को प्रदर्शित किया गया, जिसमें किशनगंज की समृद्ध ऐतिहासिक धरोहर और स्थानीय संस्कृति का शानदार प्रदर्शन किया गया. विकास की आधुनिक यात्रा के साथ-साथ स्थानीय संस्कृति और इतिहास को प्रदर्शित कर युवाओं को अपनी जड़ों से जोड़ने का एक सराहनीय प्रयास किया गया. पीएम मोदी के नेतृत्व में विकसित भारत के संकल्प को नई गति मिली है और यह प्रदर्शनी उसी परिवर्तनकारी यात्रा का सशक्त दस्तावेज है.

दूसरी ओर, पीएम मोदी के 12 वर्ष के कार्यकाल को लेकर मंत्री जायसवाल ने भाजपा कार्यालय में मीडिया संवाद कार्यक्रम में हिस्सा लिया. उन्होंने इस दौरान मोदी सरकार के 12 वर्षों के स्वर्णिम कार्यकाल के दौरान देश में हुए अभूतपूर्व विकास, गरीब कल्याण, सामाजिक न्याय, आधारभूत संरचना, आत्मनिर्भर भारत, महिला सशक्तिकरण एवं जनहितकारी योजनाओं की ऐतिहासिक उपलब्धियों पर विस्तार से चर्चा की. पिछले 12 वर्षों में भारत ने वैश्विक मंच पर अपनी एक नई पहचान स्थापित की है. यह 12 वर्षों की यात्रा केवल उपलब्धियों की कहानी नहीं, बल्कि 140 करोड़ देशवासियों के विश्वास, संकल्प और विकसित भारत के सपने को साकार करने की कहानी है.

डीकेएम/डीएससी