पुणे-सांगली में एफडीए का बड़ा अभियान, गंदगी और एक्सपायरी सामान पर 12 होटल-रेस्टोरेंट के लाइसेंस निलंबित

पुणे, 10 अगस्त . त्योहारी सीजन से पहले अन्न एवं औषधि प्रशासन (एफडीए) ने पुणे और सांगली में खाद्य सुरक्षा को लेकर बड़ा अभियान चलाया. गंदगी, एक्सपायरी सामान और नियमों के उल्लंघन पर 12 होटल-रेस्टोरेंट और बेकरी के लाइसेंस तत्काल निलंबित कर दिए गए. साथ ही करीब 1.49 लाख रुपए का मिठा मावा भी जब्त किया गया.

महाराष्ट्र के अन्न सुरक्षा आयुक्त तुकाराम मुंढे के निर्देश पर ‘सेफ फूड, सेफ ड्रग, सेफ महाराष्ट्र’ अभियान के तहत 1 से 10 अगस्त तक जांच की गई. एफडीए की टीम ने होटल, रेस्टोरेंट, बेकरी और किराना स्टोर्स का औचक निरीक्षण किया.

जांच में साफ-सफाई में लापरवाही, खराब और एक्सपायरी खाद्य पदार्थों का भंडारण पाया गया. इसके बाद 12 प्रतिष्ठानों पर कार्रवाई हुई. निलंबित किए गए नामों में द लोटस रिसॉर्ट लोणावला, द मसल फूड्स बिबवेवाड़ी, हुमा बेकरी पिंपरी-चिंचवड, न्यू महाराष्ट्र बेकर्स आंबेगांव बुद्रुक, माराकेश व्हेंचर्स प्राइवेट लिमिटेड पर्वती, स्विन्स्टा ईएनटी प्राइवेट लिमिटेड वारजे शामिल हैं. इसके अलावा सांगली के श्रीकृष्ण किराणा स्टोर्स, होटल मंजर, होटल रॉयल सागर बीयर बार एंड परमिट रूम, होटल जीएम वडेवाला, भोसले सरकार चायनिज सेंटर और होटल द मास्टर शेफ मिरज का लाइसेंस भी निलंबित किया गया.

1 से 9 अगस्त के बीच पुणे विभाग में 19 प्रतिष्ठानों की जांच की गई. इस दौरान प्रतिबंधित खाद्य पदार्थों का 41 लाख 38 हजार 667 रुपये का स्टॉक जब्त किया गया. संबंधित पुलिस थानों में भारतीय न्याय संहिता के तहत केस दर्ज कर 24 लोगों को गिरफ्तार किया गया. कार्रवाई के दौरान 14 खाद्य प्रतिष्ठानों को सील किया गया. नियमों का उल्लंघन करने वाले करीब 14.90 लाख रुपये कीमत के 4 वाहन भी एफडीए ने जब्त किए.

10 अगस्त को कोंढवा के कर्णी पार्किंग में एफडीए और पुणे क्राइम ब्रांच के एंटी-नारकोटिक्स सेल-2 की संयुक्त टीम ने एक बस की जांच की. बस क्रमांक एआर.11 ई 2001 में करीब 598 किलो मिठा मावा स्वीट ले जाया जा रहा था. जांच में पता चला कि मिठाई की बिक्री और परिवहन के लिए फूड लाइसेंस नहीं था. बस में तापमान नियंत्रित रखने की व्यवस्था भी नहीं थी और लेबल भी खाद्य सुरक्षा नियमों के अनुसार नहीं था. एफडीए ने नमूना जांच के लिए भेजा और बाकी 598 किलो मिठा मावा जब्त कर लिया. जब्त माल की कीमत करीब 1 लाख 49 हजार 500 रुपये बताई गई है.

एफडीए अधिकारियों ने होटल, रेस्टोरेंट और बेकरी संचालकों से साफ-सफाई और खाद्य सुरक्षा मानकों का पालन करने की अपील की है. ग्राहकों को मुफ्त और साफ पीने का पानी देना, फूड-ग्रेड पैकिंग का इस्तेमाल, बिना लाइसेंस कारोबार न करना और इस्तेमाल किए हुए तेल को बार-बार न दोहराना जरूरी बताया गया.

अगर किसी को खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता या साफ-सफाई को लेकर शिकायत है तो वह एफडीए के टोल फ्री नंबर 1800222365 पर शिकायत दर्ज करा सकता है.

एफडीए ने कहा है कि आने वाले दिनों में भी यह जांच अभियान जारी रहेगा और नियम तोड़ने वालों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई होगी.

एससीएच