बिहार: मोतिहारी में जाली नोट और ‘रुपए दोगुना’ ठगी गिरोह का भंडाफोड़, बर्खास्त बीएमपी जवान समेत नौ गिरफ्तार

मोतिहारी, 30 जुलाई . बिहार के पूर्वी चंपारण जिले के मुफ्फसिल थाना क्षेत्र में पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए जाली नोट के कारोबार और रुपए दोगुना-तीन गुना करने का झांसा देकर लोगों से ठगी करने वाले एक संगठित गिरोह का भंडाफोड़ किया है. पुलिस ने गिरोह के मुख्य सरगना समेत नौ आरोपियों को गिरफ्तार किया है.

गिरफ्तार आरोपियों में बिहार पुलिस का एक बर्खास्त बीएमपी जवान और दो बर्खास्त होमगार्ड जवान भी शामिल हैं.

पुलिस को गुप्त सूचना मिली थी कि बिहार पुलिस से बर्खास्त सिपाही बिदुर सहनी अपने साथियों के साथ जाली नोट के कारोबार, ठगी और हथियार के बल पर लूटपाट जैसी वारदातों को अंजाम देता है. सूचना के आधार पर वरीय अधिकारियों के निर्देश पर विशेष टीम का गठन किया गया.

टीम ने कुवारी देवी चौक पर छापेमारी कर मुख्य सरगना बिदुर सहनी को उसके दो सहयोगियों आकाश कुमार और प्रदीप कुमार जायसवाल के साथ गिरफ्तार कर लिया. उनके पास से जाली नोट और नकद राशि बरामद की गई.

पूछताछ में मिली जानकारी के आधार पर पुलिस ने बासमनपुर गांव में गिरोह के अन्य सदस्यों के ठिकानों पर छापेमारी की. कार्रवाई के दौरान राम प्रवेश भगत, कुंदन कुमार, चंदेश्वर गिरी, अमिरी पंडित, अनिल ठाकुर और अरविंद कुमार को गिरफ्तार किया गया.

छापेमारी के दौरान अमिरी पंडित के घर से पुलिस की वर्दी के तीन पैंट, दो शर्ट और एक बेल्ट बरामद हुई, जबकि कुंदन कुमार के घर से एक देसी कट्टा और एक जिंदा कारतूस भी मिला.

पुलिस ने गिरोह के पास से 34 हजार रुपये नकद, ‘चिल्ड्रेन बैंक ऑफ इंडिया” अंकित 500 रुपये के नोट जैसे दिखने वाले चार लाख रुपये के जाली नोट, 200 और 100 रुपये के नोट के आकार में कटे सादे कागज, आठ मोबाइल फोन और तीन मोटरसाइकिल भी जब्त की हैं.

पुलिस का कहना है कि यह गिरोह लोगों को रुपये दोगुना या तीन गुना करने का लालच देकर जाली नोट थमाता था और कई मामलों में हथियार का भय दिखाकर ठगी और लूटपाट की घटनाओं को भी अंजाम देता था. इस संबंध में मुफ्फसिल थाना में मामला दर्ज कर सभी आरोपियों से पूछताछ की जा रही है. पुलिस गिरोह के अन्य संभावित सदस्यों और इसके नेटवर्क की भी जांच में जुटी है.

एमएनपी/एएसएच