अमेरिका में केस समाप्त होने से अदाणी ग्रुप को ग्लोबल निवेशकों को आकर्षित करने में मिलेगी मदद: एक्सपर्ट्स

अहमदाबाद, 19 मई . अमेरिकी प्रशासन की ओर से अदाणी ग्रुप के चेयरमैन गौतम अदाणी से जुड़े सारे मामले समाप्त करना एक सकारात्मक कदम है. इससे निवेशकों का अदाणी ग्रुप में विश्वास बढ़ेगा और ग्लोबल निवेशकों को आकर्षित करने में मदद मिलेगी. यह जानकारी एक्सपर्ट्स की ओर से मंगलवार को दी गई.

से बातचीत करते हुए वरिष्ठ वकील स्वप्निल कोठारी ने कहा कि अदाणी ग्रुप पर यूएस सिक्योरिटी एक्सचेंज कमीशन (एसईसी) और डिपार्टमेंट ऑफ जस्टिस (डीओजे) के केस काफी कमजोर थे. मामले के बढ़ने के साथ दोनों सरकारी विभागों को भी समझ में आ गया था कि सबूत नहीं है और अदाणी ग्रुप भी बड़े वकीलों को मामले में जोड़ सकता है.

उन्होंने आगे कहा कि अदाणी ग्रुप के लिए हिंडनबर्ग रिसर्च के बाद से शुरू हुआ उतार-चढ़ाव का दौर अब समाप्त हो गया है और इससे ग्रुप को विदेशी निवेशकों को आकर्षित करने में मदद मिलेगी.

करंजावाला लॉ फर्म में मैनेजिंग पार्टनर रायन करंजावाला ने कहा कि अमेरिका की ओर से सारे मामलों को समाप्त करना अदाणी ग्रुप के लिए एक बहुत सकारात्मक खबर है, और इसका उन पर सीधा असर होता है.

उन्होंने आगे कहा कि इससे उद्योगों पर सकारात्मक असर होगा, क्योंकि जब भी विदेश में किसी देश के बड़े व्यापार पर कोई मुकदमे होते हैं, तो यह पूरी इंडस्ट्री पर प्रभाव डालता है.

इसके अतिरिक्त, मार्केट एक्सपर्ट अभय अग्रवाल ने से कहा कि यह मामला हिंडनबर्ग रिसर्च के आरोपों के बाद शुरू हुआ और बाद में अमेरिकी एजेंसी शामिल हुई और अब इसका समाधान हो सका है.

उन्होंने कहा,“मुझे लगता है कि अदाणी समूह के नेतृत्व द्वारा मामले को मुकदमेबाजी या अदालतों तक ले जाए बिना सुलझा लेना बहुत ही अच्छा और समझदारी भरा कदम है.”

अग्रवाल के अनुसार, इस घटनाक्रम से अंतरराष्ट्रीय पूंजी बाजारों में अदाणी समूह की स्थिति में सुधार होने की संभावना है और ग्लोबल निवेशकों से भविष्य में धन जुटाने के प्रयासों को सपोर्ट मिलेगा.

एबीएस/