महोबा से लेकर शिरडी तक पीएम सूर्य घर योजना लोगों के जीवन में लाई नया सवेरा

नई दिल्ली, 21 सितंबर . प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की पीएम सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना का असर अब देश के अलग-अलग हिस्सों में दिखाई देने लगा है. योजना के तहत केंद्र और राज्य सरकार की ओर से सोलर पैनल लगवाने के लिए सब्सिडी दी जा रही है. इसका उद्देश्य अधिक से अधिक घरों को सौर ऊर्जा से जोड़ना और बिजली के खर्च को कम करना है.

उत्तर प्रदेश के महोबा में पीएम सूर्य घर योजना का लाभ लेने वाले लाभार्थियों के अनुसार, सोलर पैनल लगने के बाद हर महीने आने वाला बिजली का बिल काफी कम हो गया है, जिससे उन्हें आर्थिक बचत हो रही है. लाभार्थियों ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की इस योजना की सराहना करते हुए योजना का लाभ दिलाने के लिए आभार जताया और धन्यवाद दिया.

से बातचीत में लाभार्थी जागेश्वर चौरसिया ने बताया कि उन्हें पीएम सूर्य घर योजना का लाभ मिला है. पहले हर महीने करीब दो से ढाई हजार रुपए का बिजली बिल आता था. अब योजना के तहत सोलर पैनल लगने के बाद उनका बिजली बिल शून्य हो गया है.

लाभार्थी मोनू चौरसिया ने बताया कि पहले हर महीने करीब तीन हजार रुपए का बिजली बिल आता था. सोलर पैनल लगने के बाद अब उनका बिजली बिल घटकर करीब 200 से 300 रुपए रह गया है.

इसी तरह पीएम सूर्य घर योजना का लाभ महाराष्ट्र के शिरडी में रहने वाले लोगों को भी हुआ है. लाभार्थी मंगेश जीभकाटे ने बताया कि सोलर पैनल लगने के बाद उनके बिजली खर्च में बड़ा बदलाव आया है. पहले हर महीने करीब 1,500 से 2,000 रुपए तक का बिजली बिल आता था, लेकिन सोलर सिस्टम लगने के बाद अब उन्हें केवल मीटर से संबंधित मामूली शुल्क ही देना पड़ता है. इस योजना के तहत उन्हें 75 हजार रुपए की सब्सिडी मिली, जिसे प्राप्त करने में उन्हें किसी बड़ी परेशानी का सामना नहीं करना पड़ा.

लाभार्थी ने कहा कि सोलर पैनल लगने से बिजली आने-जाने की समस्या से भी काफी राहत मिली है.

उन्होंने बताया कि सोलर सिस्टम लगने के बाद अब करीब 130 रुपए का बिल आता है. पहले घर में नियमित रूप से बिजली से चलने वाले उपकरणों का इस्तेमाल किया जाता था, लेकिन जब से योजना का लाभ लिया है वे इलेक्ट्रिक वाहन चार्ज करने के साथ-साथ इलेक्ट्रिक चूल्हे का भी इस्तेमाल करते हैं. इसके बावजूद उनका बिजली बिल करीब 130 रुपए ही आता है. पहले बिजली की खपत और ज्यादा बिल की वजह से उन्हें आर्थिक दिक्कतों का सामना करना पड़ता था, लेकिन सोलर सिस्टम लगने के बाद बिजली खर्च में काफी राहत मिली है.

डीकेएम/वीसी