
भोपाल, 17 जून . मध्य प्रदेश में नीट री-एग्जाम 30 जिलों के 283 परीक्षा केंद्रों पर 21 जून को आयोजित की जाएगी. परीक्षा को लेकर सुरक्षा और व्यवस्थाओं के विशेष इंतजाम किए गए हैं. मुख्यमंत्री मोहन यादव ने परीक्षा के सफल और पारदर्शी आयोजन को सुनिश्चित करने के लिए अधिकारियों के साथ बैठक कर व्यवस्थाओं की समीक्षा की. मुख्यमंत्री मोहन यादव ने कहा कि राज्य सरकार केंद्र सरकार के साथ लगातार संपर्क में है ताकि छात्रों को किसी प्रकार की परेशानी का सामना न करना पड़े.
सीएम मोहन यादव ने कहा, “हम यह सुनिश्चित कर रहे हैं कि बच्चों को दोबारा किसी प्रकार की कठिनाई का सामना न करना पड़े. परीक्षा के दौरान सुबह 11 बजे से आने वाले विद्यार्थियों के रोल नंबर और पहचान संबंधी जांच की जाएगी. बड़ी संख्या में परीक्षार्थियों के आवागमन को देखते हुए प्रमुख शहरों में बसों की व्यवस्था की जाएगी.”
उन्होंने बताया कि परीक्षा केंद्रों के बाहर विद्यार्थियों के अभिभावकों के लिए भी आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएंगी. इसके लिए रिफ्रेशमेंट सेंटर और प्रतीक्षा स्थलों की व्यवस्था की जा रही है ताकि अभिभावक परीक्षा समाप्त होने तक आराम से समय बिता सकें.
उन्होंने कहा कि परीक्षा की गोपनीयता और सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए जैमर सहित अन्य तकनीकी संसाधनों का उपयोग किया जाएगा. मोहन यादव ने कहा, “भारत सरकार बच्चों के हित में परीक्षा को निष्पक्ष और सुरक्षित तरीके से संपन्न कराने के लिए दृढ़ संकल्पित है.”
वहीं, नीट री-एग्जाम को लेकर जेडीयू के राष्ट्रीय प्रवक्ता राजीव रंजन ने कहा कि इस बार नीट परीक्षा को पूरी तरह पारदर्शी तरीके से संपन्न कराने की व्यवस्था की गई है. उन्होंने कहा कि प्रश्नपत्रों की सुरक्षा को लेकर केंद्र सरकार और संबंधित एजेंसियों ने विशेष कदम उठाए हैं.
राजीव रंजन ने कहा कि परीक्षा में किसी भी प्रकार की गड़बड़ी रोकने के लिए सख्त उपाय किए गए हैं. उन्होंने दावा किया कि प्रश्नपत्रों की सुरक्षित ढुलाई और निगरानी के कारण इस बार पेपर लीक जैसी घटनाओं की संभावना बेहद कम है. उन्होंने कहा कि छात्रों के भविष्य के साथ खिलवाड़ करने वालों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी.
लालू परिवार के बंगले को लेकर उन्होंने कहा कि पूर्व मुख्यमंत्री राबड़ी देवी को उनकी संवैधानिक हैसियत के अनुरूप सरकारी आवास आवंटित किया गया है. उन्होंने कहा कि भवन निर्माण विभाग निर्धारित नियमों के अनुसार आवास आवंटित करता है. उन्होंने कहा, “राबड़ी देवी को बिहार विधान परिषद में नेता प्रतिपक्ष के रूप में एक सरकारी आवास आवंटित किया गया है, जो क्षेत्रफल की दृष्टि से भी पर्याप्त बड़ा है. ऐसे में एक विशेष बंगले को लेकर जो आग्रह किया जा रहा है, वह समझ से परे है.” उन्होंने कहा कि बिहार में सभी फैसले नियमों और प्रक्रियाओं के तहत लिए जाते हैं और किसी भी व्यक्ति को उन्हीं नियमों का पालन करना होगा.
शिवसेना (यूबीटी) को लेकर उन्होंने कहा कि पार्टी के भीतर संवादहीनता की स्थिति है. उनके अनुसार सांसदों, विधायकों और कार्यकर्ताओं को शीर्ष नेतृत्व से मिलने और अपनी बात रखने का पर्याप्त अवसर नहीं मिलता. उन्होंने दावा किया कि इसी कारण पार्टी में असंतोष और विभाजन की खबरें सामने आ रही हैं.
फैसल खान और रोशन आनंद विवाद पर प्रतिक्रिया देते हुए राजीव रंजन ने इसे दुर्भाग्यपूर्ण घटना बताया. उन्होंने कहा कि बिहार सरकार ने मामले की निष्पक्ष और पारदर्शी जांच के निर्देश दिए हैं. उन्होंने कहा, “पटना पुलिस जांच कर रही है. जो भी तथ्य और साक्ष्य सामने आएंगे, उनके आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी. कानून अपना काम करेगा और किसी भी दोषी को बख्शा नहीं जाएगा.”
–
पीआईएम/पीएम