
कोल्हापुर, 5 अगस्त . महाराष्ट्र के कोल्हापुर के सर्वेनगर इलाके में बुधवार को एक बंद घर के अंदर रखी जिलेटिन की छड़ों में हुए धमाके से स्थानीय लोगों में दहशत फैल गई और संपत्ति को भारी नुकसान पहुंचा.
पुलिस ने इसकी विस्तृत जांच शुरू कर दी है. धमाके की तीव्रता से घर बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया और आसपास के कई घरों की खिड़कियों के शीशे टूट गए. धमाके से इलाके में हड़कंप मच गया, जिससे डरे हुए निवासियों ने तुरंत पुलिस को सूचना दी.
अच्छी बात यह रही कि धमाके के समय घर के अंदर कोई नहीं था क्योंकि यह कई महीनों से बंद था. इस वजह से धमाके के असर के बावजूद किसी की जान नहीं गई और न ही कोई घायल हुआ.
घटना की सूचना मिलने के बाद कोल्हापुर पुलिस मौके पर पहुंची, इलाके की घेराबंदी की और जांच शुरू की. अधिकारी इस बात की जांच कर रहे हैं कि बंद घर के अंदर जिलेटिन की छड़ें कैसे रखी गई थीं और किन हालात में धमाका हुआ.
अधिकारियों के अनुसार, यह घर शशिकला बोडिसकर का था, जिनका लगभग एक साल पहले निधन हो गया था, और तब से घर बंद पड़ा था.
पुलिस अधीक्षक ने कहा कि जांचकर्ता घटना से जुड़े हर पहलू की जांच कर रहे हैं और विस्फोटक सामग्री के स्रोत का पता लगाने की कोशिश कर रहे हैं.
जिला पुलिस के अनुसार, धमाके के बाद मामला दर्ज कर लिया गया है और जांच इस बात पर केंद्रित है कि जिलेटिन की छड़ें घर तक कैसे पहुंचीं, उन्हें किस मकसद से वहां लाया गया था और घर बंद होने से पहले वहां कौन आता-जाता था या कौन रह रहा था.
अधिकारियों ने कहा कि अभी यह पक्के तौर पर कहना संभव नहीं है कि जिलेटिन की छड़ें किसी व्यावसायिक मकसद से रखी गई थीं या घटना के पीछे कोई बड़ी साज़िश थी.
–
वीकेयू/पीएम