जम्मू में एक व्यक्ति की उसके घर के अंदर गोली मारकर हत्या, जांच में जुटी पुलिस

जम्मू, 17 सितंबर . जम्मू में एक व्यक्ति की उसके घर के अंदर गोली मारकर हत्या कर दी गई. पुलिस ने बताया कि गुरुवार को इसकी पुष्टि की.

अधिकारियों ने बताया कि शहर में अपने घर के अंदर गोली लगने से एक व्यक्ति की मौत हो गई. पुलिस ने संबंधित थाने में एफआईआर दर्ज कर मामले की जांच शुरू कर दी है.

मृतक की पहचान रेशमगढ़ कॉलोनी के रहने वाले 35 वर्षीय दीपक शर्मा के तौर पर हुई है, जो पेशे से अखबार हॉकर थे.

उनके रिश्तेदारों के मुताबिक, दोपहर के समय एक अज्ञात हमलावर घर में घुसा और उसने शर्मा के माथे पर गोली मार दी.

घटना के बाद पुलिस मौके पर पहुंची और गोलीबारी की परिस्थितियों का पता लगाने और हमलावर की पहचान करने के लिए जांच शुरू की.

अधिकारियों ने बताया कि इसके बाद पीड़ित के शव को पोस्टमार्टम के लिए गवर्नमेंट मेडिकल कॉलेज अस्पताल की मोर्चरी में भेज दिया गया. जांच आगे बढ़ने के साथ ही और जानकारी का इंतजार है.

जम्मू शहर में हाल के दिनों में संगठित अपराध, चोरी और आर्थिक अपराधों की कई घटनाएं सामने आई हैं, साथ ही पुलिस की सख्ती भी जारी है.

जम्मू पुलिस ने हाल ही में अरनिया में हुई गोलीबारी की घटना के बाद ‘खौफ गैंग’ के छह सदस्यों को गिरफ्तार किया. इस ऑपरेशन में कई हथियार और जिंदा कारतूस बरामद किए गए.

मीरान साहिब जैसे आसपास के उपनगरीय इलाकों में घरों में सेंधमारी और सोने की चोरी जैसी संपत्ति से जुड़े अपराधों की खबरें आई हैं.

जम्मू-कश्मीर क्राइम ब्रांच की इकोनॉमिक ऑफेंस विंग (आर्थिक अपराध शाखा) वित्तीय घोटालों और बैंक लोन धोखाधड़ी के खिलाफ सक्रिय रूप से काम कर रही है, जिसमें फर्जी केवाईसी दस्तावेज और सरकारी नौकरी के फर्जी रैकेट शामिल हैं.

जम्मू पुलिस अक्सर पूरे इलाके में ड्रग्स के खिलाफ़ ज़ोरदार अभियान चलाती है. पुलिस टीमें नियमित रूप से नाकेबंदी और टारगेटेड रेड करती हैं, जिससे ड्रग तस्करों की गिरफ्तारी और भारी मात्रा में नशीले पदार्थों की बरामदगी होती है.

स्थानीय स्तर पर हिंसा की घटनाओं, जिनमें कभी-कभी नाबालिग भी शामिल होते हैं, ने भी खास ध्यान खींचा है. जम्मू पुलिस ने हाल ही में सीसीटीवी और तकनीकी निगरानी की मदद से डोमाना में हत्या के प्रयास के एक बड़े मामले को सुलझाया, जिससे कानून के साथ टकराव (सीसीएल) वाले कई बच्चों को पकड़ा गया और हथियार बरामद किए गए. रोज़मर्रा की बहस, जैसे पार्किंग को लेकर झगड़े और उसके बाद गोलीबारी जैसी हिंसक घटनाओं पर भी तुरंत गिरफ्तारी के साथ कड़ी कार्रवाई की जाती है.

एससीएच