
नई दिल्ली, 30 अप्रैल . स्पेस की दुनिया रोमांच और हैरत से भरी होती है. वहां की हर एक एक्टिविटी अनोखी होती है और सुनने या देखने वाले को रोमांच से भर देती है. अमेरिकी स्पेस एजेंसी नासा महिला अंतरिक्ष यात्री क्रिस्टीना कोच ने अंतरिक्ष में सोने के अपने अनोखे और रोचक अनुभव को शेयर किया है.
उन्होंने बताया कि अंतरिक्ष में सोना सबसे बढ़िया अनुभव है, लेकिन इसमें कई चुनौतियां भी हैं. क्रिस्टीना कोच ने लिखा कि उन्होंने कैप्सूल के सबसे ऊपरी हिस्से में एक उल्टा यानी अपसाइड डाउन वर्टिकल जगह चुनी, जहां सिर्फ वे ही फिट हो सकती थीं. उन्होंने चमगादड़ की तरह उल्टा लटककर सोने का मजेदार कारण भी बताया. उन्होंने कहा कि उल्टा सोने पर भी कोई फर्क नहीं पड़ता क्योंकि अंतरिक्ष में गुरुत्वाकर्षण नहीं होता, इसलिए हर दिशा एक जैसी लगती है.
हालांकि, क्रिस्टीना ने बताया कि यहां उल्टा होकर सोने की असली वजह कुछ और थी. क्रिस्टीना ने बताया कि अंतरिक्ष में हवा अपने आप नहीं घूमती. पृथ्वी पर गुरुत्वाकर्षण के कारण हवा का संवहन होता है, लेकिन अंतरिक्ष में ऐसा नहीं होता. इसलिए स्पेसक्राफ्ट में हवा को लगातार घुमाने और ताजा रखने के लिए खास वेंटिलेशन सिस्टम लगाया जाता है, जिससे कार्बन डाइऑक्साइड को बाहर निकाला जा सके और ताजी ऑक्सीजन मिल सके. जब उन्होंने कैप्सूल के ऊपरी डॉकिंग हैच वाले हिस्से की जांच की तो पता चला कि वहां हवा का बहाव काफी कम था. ऐसे में उन्हें उल्टा सोना पड़ा, जिससे उनका सिर मुख्य केबिन के फर्श की तरफ था.
क्रिस्टीना ने लिखा कि पहली बार जागने पर यह स्थिति काफी अजीब और उलझन भरी लगी. क्रिस्टीना कोच ने यह भी बताया कि स्पेस में एक आरामदायक वीडियो बनाना भी आसान काम नहीं है. यह पूरी तरह टीम वर्क होता है. उन्होंने अपने पोस्ट में अंतरिक्ष जीवन की इन छोटी-छोटी लेकिन दिलचस्प बातों को साझा करते हुए कहा कि यह अनुभव उनके लिए बहुत यादगार रहा.
–
एमटी/पीएम