‘एशियन गेम्स का स्तर बहुत ऊंचा’, ब्रॉन्ज मेडल जीतने के बाद बोले भारतीय बैडमिंटन टीम के खिलाड़ी

इचिनोमिया, 24 सितंबर . एशियन गेम्स 2026 में भारतीय पुरुष बैडमिंटन टीम ने ब्रॉन्ज मेडल जीता है. जीत के बाद भारतीय बैडमिंटन टीम के सदस्य खुश नजर आए. टीम इवेंट में भारत का यह पहला पदक था. खिलाड़ियों का कहना था कि एशियन गेम्स का स्तर काफी ऊंचा है और टीम इवेंट में पदक जीतना आसान नहीं होता है.

कांस्य पदक विजेता टीम का हिस्सा रहे हरिहरन अम्साकारुनन ने से कहा, “मैं एशियन गेम्स की टीम का हिस्सा बनकर बहुत खुश हूं. यह मेरा पहला एशियन गेम्स है. मुझे लगता है कि यह टीम सच में बहुत अच्छी टीम थी. मैं टीम का हिस्सा बनकर बहुत खुश हूं. हमने अपनी पूरी कोशिश की. यह एशियन गेम्स का एक प्रतिष्ठित इवेंट है. हमने ब्रॉन्ज जीता. मैं अपने देश के लिए यह जीतकर बहुत खुश हूं.”

एचएस प्रणय ने कहा, “मुझे लगता है कि दो एशियन गेम्स में लगातार दो मेडल जीतना कभी आसान नहीं होता. हमने पहले कभी टीम इवेंट में कोई एशियन गेम्स मेडल नहीं जीता था, लेकिन पिछली बार 2023 एशियन गेम्स में आकर सिल्वर मेडल जीतना बहुत बड़ी बात थी. कुछ बड़ी टीमों को हराना और एक बार फिर उस पोडियम पर पहुंचना, मुझे लगता है, बड़े इवेंट्स में, खासकर टीम इवेंट्स में खेलने के लिए इस टीम की निरंतरता को दिखाता है. मुझे सच में गर्व और खुशी है कि मैं एक बार फिर इसका हिस्सा बन सका. मुझे उम्मीद है कि आगे भी हम मेडल जीतते रहेंगे, खासकर टीम इवेंट्स में. हमारे लिए एशियन गेम्स सच में एक मुश्किल इवेंट है. यह लगभग वर्ल्ड चैंपियनशिप जैसा है, जहां बस कुछ खिलाड़ी, या शायद कुछ देश, यूरोपीय पक्ष से नहीं खेल रहे हैं. एशिया के सभी मजबूत देश एशियन गेम्स के लिए आते हैं.”

भारतीय बैडमिंटन कोच आर. एम. वी. गुरुसाईदत्त ने कहा, “यह मेडल एक टीम के तौर पर हमारे लिए बहुत जरूरी है. इससे खिलाड़ियों को व्यक्तिगत इवेंट्स में मोमेंटम बनाए रखने का आत्मविश्वास मिलेगा. बैडमिंटन में एशियन गेम्स ओलंपिक्स जितने ही अच्छे हैं. इसलिए, मेडल जीतना हमेशा मुश्किल होता है. इसे लगातार करना सच में ऐतिहासिक है. लड़के तारीफ के काबिल हैं, जो इतने सालों से इतना अच्छा कर रहे हैं. मुझे लगता है कि पिछले चार सालों से वे एक टीम के तौर पर बहुत अच्छा कर रहे हैं, खासकर थॉमस कप जीतना, वहां फिर से मेडल जीतना, इस साल ब्रॉन्ज मेडल जीतना और पिछले एशियन गेम्स एडिशन में मेडल हासिल करना. इस बार, हम चीन को हराने के बहुत करीब आ गए थे.”

खिलाड़ी थारुन मन्नेपल्ली ने कहा, “सबसे पहले, मैं अपने सभी साथियों को धन्यवाद देना चाहता हूं, जो इस सफर का हिस्सा रहे हैं. ब्रॉन्ज मेडल जीतना मेरे लिए बहुत खास पल है. एक टीम के तौर पर भारत के लिए मेडल जीतना बहुत मायने रखता है. हम एक टीम के तौर पर एक साथ खड़े रहे, एक साथ लड़े और टीम इवेंट में मेडल हासिल किया. मैं अपनी टीम के साथियों, कोच और सपोर्ट स्टाफ को धन्यवाद देता हूं, जिन्होंने मेरा साथ दिया.”

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पीएके