
नागोया, 29 सितंबर . आशिमा अहलावत ने मंगलवार को एशियन गेम्स 2026 में महिला शूटिंग ट्रैप टीम इवेंट में देश के लिए सिल्वर मेडल जीता. आशिमा ने इस मेडल को सपने के सच होने जैसा बताया है.
मंगलवार को आइची-नागोया खेलों में भारतीय महिला ट्रैप टीम ने मुश्किल मौसम का सामना करते हुए दूसरा स्थान हासिल किया. साल 2021 में इस खेल को शुरू करने के बाद से युवा शूटर के तेजी से आगे बढ़ने के सफर में यह एक अहम पड़ाव है.
चीन ने 346 स्कोर के साथ गोल्ड मेडल जीता, जबकि कुवैत ने 325 स्कोर के साथ ब्रॉन्ज मेडल जीता. वहीं, आशिमा, नीरू ढांडा और मनीषा कीर की तिकड़ी ने आइची प्रीफेक्चरल जनरल शूटिंग गैलरी में महिला ट्रैप टीम इवेंट में कुल 328 स्कोर के साथ भारत को सिल्वर मेडल दिलाने में मदद की.
आशिमा ने ‘ ’ से कहा, “यह मेडल मेरे लिए बहुत मायने रखता है, क्योंकि जब मैंने शूटिंग शुरू की थी, तो हमेशा एशियन गेम्स की टीम में शामिल होकर मेडल जीतना चाहती थी. इसलिए, जब मुझे यह मेडल मिला, तो यकीन ही नहीं हुआ कि ऐसा हो गया है. यह एहसास बहुत अच्छा है. ऐसा लगता है जैसे सफर पूरा हो गया है.”
उन्होंने बताया, “यह प्रदर्शन आसान नहीं था. हम पिछले 1-2 दिनों से कतर और कुवैत के साथ मुकाबला कर रहे थे. आज के मौसम ने हमारी बहुत मदद की. दूसरे देश इस मौसम में टिक नहीं पाए. हमने इस मौसम का सामना किया और ब्रॉन्ज से सिल्वर मेडल तक का सफर तय किया. इसलिए, यह बहुत अच्छा एहसास है.”
मौसम को बाधा मानने के बजाय, आशिमा को लगा कि यह ऐसी स्थिति थी जिसे संभालने के लिए भारतीय शूटर बेहतर ढंग से तैयार थे, क्योंकि उन्हें घरेलू प्रतियोगिताओं के दौरान अक्सर ऐसे हालात का सामना करना पड़ता है. उन्होंने कहा, “बेशक, क्योंकि हम भारत में बारिश में शूटिंग करने के आदी हैं. हमारे सिलेक्शन ट्रायल भी ऐसे ही हालात में होते हैं और हमारी ट्रेनिंग भी. इसलिए, इससे हमें कोई खास फर्क नहीं पड़ा. इस मौसम की वजह से हम घबराए नहीं. कई देशों को इसकी उम्मीद नहीं थी. हमने इस मौसम में भी अच्छा प्रदर्शन किया और हमें सिल्वर मेडल मिला.”
आशिमा ने 2021 में शूटिंग शुरू की और दो साल बाद जूनियर भारतीय टीम में जगह बनाई. 2023 और 2024 में जूनियर के तौर पर खेलने के बाद, वह 2025 में सीनियर टीम में शामिल हुईं.
मेडल जीतने पर खुशी जताते हुए आशिमा ने कहा, “मैंने 2021 में शूटिंग शुरू की. मैं साल 2023 में जूनियर भारतीय शूटिंग टीम में शामिल हुई. साल 2025 में सीनियर टीम में शामिल हुई. मुझे एशियन चैंपियनशिप में मेडल मिला- एक इंडिविजुअल ब्रॉन्ज और टीम गोल्ड. आज मैंने सिल्वर जीता. इसलिए, मैं बहुत खुश हूं.”
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आरएसजी