एनडीए के सांसदों ने विपक्ष द्वारा संसद ने चलने देने का लगाया आरोप, कहा-‘सरकार बात करने के लिए तैयार’

नई दिल्ली, 21 जुलाई . मानसून सत्र के दौरान एनडीए के सांसदों ने पेपर लीक मामले में दोषियों पर कड़ी कार्रवाई का आश्वासन दिया है. इसके साथ ही दूसरी ओर विपक्ष से संसद चलने देने और सभी मुद्दों पर सदन में चर्चा करने की अपील की है.

केंद्रीय मंत्री रामदास अठावले ने से बात करते हुए कहा कि प्रधानमंत्री ने एनडीए के सभी सदस्यों से कहा कि नीट के साथ जो हुआ, वह सही नहीं था. यह मामला सिर्फ़ एक व्यक्ति से जुड़ा नहीं है; यह राज्यों से जुड़ा मामला है. पेपर लीक एक बहुत गंभीर मुद्दा है और इसके लिए ज़िम्मेदार लोगों को सज़ा मिलनी चाहिए.

भाजपा सांसद मनोज तिवारी ने से बात करते हुए कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व वाली सरकार ने स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि नीट या किसी भी पेपर लीक मामले में जो भी दोषी पाया जाएगा, उसे सबसे कड़ी सजा दी जाएगी. इसके साथ ही सरकार हर संभव प्रयास करेगी ताकि किसी भी अधिकारी, कर्मचारी या पेपर लीक रैकेट से जुड़े व्यक्ति को छोड़ा न जाए. हमारी प्राथमिकता है कि युवाओं के भविष्य से खिलवाड़ करने वालों के खिलाफ कठोर कार्रवाई की जाए.

संसद में विपक्ष के विरोध प्रदर्शन पर मनोज तिवारी ने कहा कि विपक्ष को अपनी नकारात्मक सोच छोड़नी चाहिए और सदन को सुचारु रूप से चलने देना चाहिए. संसद में ऐसा कोई मुद्दा नहीं है जिस पर चर्चा न हो सके. विपक्ष संसद के विषयों को सड़क पर ले जाने की कोशिश कर रहा है, जबकि लोकतांत्रिक व्यवस्था में इन मुद्दों पर चर्चा का उचित मंच संसद ही है.

भाजपा सांसद जगदंबिका पाल ने भी विपक्ष पर निशाना साधते हुए कहा कि विपक्ष की सदन चलाने में कोई रुचि नहीं है. लोकसभा अध्यक्ष और संसदीय कार्य मंत्री लगातार सार्थक चर्चा की अपील कर रहे हैं, लेकिन विपक्ष सदन को बाधित कर रहा है. विपक्षी सांसद प्रदर्शन में शामिल होकर संसद की कार्यवाही बाधित कर रहे हैं, जिससे जनता के कर का पैसा व्यर्थ हो रहा है. प्रधानमंत्री मोदी के कार्यकाल में युवाओं को बेहतर अवसर मिले हैं और सरकार उनके हितों के लिए प्रतिबद्ध है.

भाजपा सांसद निशिकांत दुबे ने दावा किया कि आंदोलन कर रहे युवाओं का भरोसा आज भी प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर है. संसद मार्ग और अशोक रोड पर प्रदर्शन कर रहे कई युवाओं ने उनके साथ सेल्फी ली और उनसे केवल यही आग्रह किया कि प्रधानमंत्री तक उनकी बात पहुंचाई जाए. युवाओं की मांग है कि भर्ती परीक्षाओं में पूरी पारदर्शिता सुनिश्चित हो तथा दोषियों को कड़ी सजा मिले.

वहीं, एनडीए की बैठक के बाद एनसीपी सांसद प्रफुल्ल पटेल ने बताया कि प्रधानमंत्री मोदी ने भारत की युवा शक्ति की सराहना करते हुए कहा कि युवाओं के भविष्य को सुरक्षित करना सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है. उन्होंने कहा कि नीट जैसी घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकने का संकल्प लिया गया है ताकि युवाओं का विश्वास बना रहे.

एसएके/पीएम