मई में यह तारीखें रखें याद, टैक्स भुगतान में रहेगी आसानी

नई दिल्ली, 3 मई . मई का महीना टैक्स के संदर्भ में काफी महत्वपूर्ण माना जाता है. इसमें टीडीएस और टीसीएस के भुगतान और टैक्स फाइलिंग से जुड़ी कई अहम तारीखें आती हैं.

करदाताओं को अप्रैल 2026 के लिए गए टैक्स डिडक्टेड एट सोर्स (टीसीएस) और टैक्स कलेक्टेड एट सोर्स (टीसीएस) को 7 मई तक जमा करना अनिवार्य है.

इसके अलावा, 7 मई को इनकम टैक्स एक्ट, 2025 की धारा 394(2) के तहत व्यक्तियों को डिक्लेरेशन जमा करना आवश्यक है. ये डिक्लेरेशन खरीदारों से अप्रैल 2026 में किए गए लेन-देन के लिए कर संग्रह के बिना माल प्राप्त करने के लिए आवश्यक हैं.

इनकम टैक्स एक्ट, 1961 की कुछ धाराओं के तहत मार्च 2026 में काटे गए टैक्स के लिए टीडीएस सर्टिफिकेट जारी करने की आखिरी तारीख 15 मई है.

वहीं, वित्त वर्ष 26 की चौथी तिमाही के लिए कंपनियों को 30 मई तक टैक्स कलेक्टेड एट सोर्स (टीसीएस) सर्टिफिकेट जारी करना आवश्यक है.

सिनेमा के निर्माण या ऐसी गतिविधियां, जो कि इनकम टैक्स एक्ट 1961 की धारा 258बी के तहत आती हैं, उन्हें 30 मई तक वित्त वर्ष 2025-26 के लिए अपना वित्तीय विवरण देना आवश्यक है.

30 मई तक करदाताओं को इनकम टैक्स, 2025 की धारा 393(1) के तहत पिछले महीने के लेन-देन के लिए काटे गए कर का चालान-सह-विवरण भी दाखिल करना आवश्यक है.

31 मई महीने की सबसे महत्वपूर्ण तारीखों में से एक है, क्योंकि इस दिन कर संबंधी कई दस्तावेज जमा करने होते हैं. इनमें से, स्वीकृत पेंशन निधियों के न्यासियों को अंशदान से काटे गए कर का रिटर्न दाखिल करना आवश्यक है.

वित्तीय संस्थानों को धारा 285बीए(1)(के) के अंतर्गत फॉर्म संख्या 61बी में कैलेंडर वर्ष 2025 के लिए अपने वार्षिक रिपोर्ट करने योग्य खातों का विवरण ई-फाइल करना अनिवार्य है, साथ ही निर्दिष्ट संस्थाओं को वित्तीय वर्ष 2025-26 के लिए फॉर्म 61ए में वित्तीय लेनदेन का विवरण भी प्रस्तुत करना होगा.

एबीएस/