तमिलनाडु: श्रीलंका भेजी जाने वाली 3 किलो हशीश के साथ दंपति गिरफ्तार, एनसीबी की बड़ी कार्रवाई

चेन्नई, 24 अगस्त . नारकोटिक्स कंट्रोल ब्यूरो (एनसीबी) की चेन्नई जोनल यूनिट ने श्रीलंका तस्करी के लिए भेजी जा रही कथित 3 किलोग्राम हशीश के साथ एक दंपति को गिरफ्तार किया है. बरामद मादक पदार्थ की अंतरराष्ट्रीय बाजार में अनुमानित कीमत करीब 75 लाख रुपए बताई जा रही है.

गिरफ्तार आरोपियों की पहचान शिवगामीसुंदरी और उनके पति गुरुमूर्ति के रूप में हुई है. एनसीबी के अनुसार, शिवगामीसुंदरी का संबंध श्रीलंका के कुख्यात गैंगस्टर अंगोडा लोक्का से रहा है, जिस पर संगठित अपराध और अंतरराष्ट्रीय मादक पदार्थ तस्करी में शामिल होने के आरोप थे.

एनसीबी को मादक पदार्थ की खेप की आवाजाही के संबंध में विशेष सूचना मिली थी. इसके आधार पर एजेंसी की टीम ने इस सप्ताह चेन्नई के पोरूर टोल प्लाजा के पास दंपति को रोककर तलाशी ली.

तलाशी के दौरान उनके कब्जे से 3 किलोग्राम हशीश बरामद की गई. प्रारंभिक जांच में पता चला है कि यह खेप श्रीलंका भेजी जानी थी.

एनसीबी ने बताया कि इस मामले का महत्व इसलिए भी बढ़ जाता है क्योंकि शिवगामीसुंदरी पर अंगोडा लोक्का के आपराधिक नेटवर्क से जुड़े होने के आरोप हैं.

इससे पहले वर्ष 2020 में तमिलनाडु पुलिस की सीबी-सीआईडी ने उन्हें एक मामले में गिरफ्तार किया था. आरोप था कि उन्होंने अंगोडा लोक्का के लिए फर्जी पहचान पत्र और अन्य दस्तावेज तैयार कराने में मदद की थी, जिससे वह भारत में अवैध रूप से रह सका.

बताया जाता है कि अंगोडा लोक्का कोयंबटूर में फर्जी पहचान के साथ रह रहा था और वर्ष 2020 में उसकी मौत हो गई थी. इसके बाद उसके कथित आपराधिक नेटवर्क को लेकर व्यापक जांच शुरू की गई थी.

एनसीबी अब यह पता लगाने में जुटी है कि बरामद हशीश कहां से लाई गई थी और श्रीलंका में इसे किसे पहुंचाया जाना था. जांच एजेंसियां यह भी पता लगा रही हैं कि क्या इस मामले के पीछे कोई बड़ा अंतरराष्ट्रीय ड्रग तस्करी नेटवर्क सक्रिय है.

एनसीबी के अनुसार, वर्ष 2026 की शुरुआत से अब तक चेन्नई जोनल यूनिट ने 2916.4 किलोग्राम गांजा, 77.7 किलोग्राम हशीश ऑयल, 1.8 किलोग्राम एम्फेटामाइन, 13 किलोग्राम हशीश, 2,799 एलएसडी ब्लॉट्स बरामद किए हैं.

इसी अवधि में मादक पदार्थों से जुड़े विभिन्न मामलों में 48 लोगों को गिरफ्तार किया गया है. जब्त किए गए नशीले पदार्थों की कुल अनुमानित कीमत करीब 27.80 करोड़ रुपए आंकी गई है.

एनसीबी ने कहा कि मामले की गहन जांच जारी है और ड्रग तस्करी से जुड़े अन्य लोगों की भूमिका की भी जांच की जा रही है.

एएमटी/डीकेपी